पाठ – 1

समय की शुरुआत से

समय की शुरुआत

इस अध्याय के माध्यम से हम जानेंगे किस तरह मानव में समय के साथ – साथ परिवर्तन आए। 

सबसे पहले हम जानेंगे आधुनिक मानव के बारे में: –

  • आधुनिक मानव रूप में हम देखते हैं, ऐसे लोग लगभग 1,60,000  साल पहले पैदा हुए थे। 
  • यह लोग आमतौर पर शिकार किया करते थे, मांस खाते थे और कुछ मरे हुए जानवरों को भी खा लिया करते थे। 
  • यह कंदमूल फल  और बीज खाते थे परंतु साथ – साथ इन्होंने अपना जीवन निर्वाह का तरीका बदला और पत्थर के औजार बनाना सीख लिया, इस काल को पाषाण काल भी कहा जाता है। 
  • यह लोग प्रथम आपस में इशारों के द्वारा बात किया करते थे और धीरे-धीरे इन्होंने आपस में बातचीत करना भी सीखा। 

आदिमानव के इतिहास की जानकारी के स्रोत 

  • जीवाश्म 

    • जीवाश्म एक बहुत पुराने मानव के अवशेष या छाप है, जो पत्थर में बदल गए है। 
  • पत्थर के औजार

    • प्रारंभिक मनुष्य द्वारा बनाए गए और उपयोग किए जाने वाले पत्थर के  उपकरण अफ्रीका और यूरोप के अलग-अलग हिस्सों में उपलब्ध हैं प्रारंभिक मानव जीवन में अलग-अलग प्रयोजनों के लिए पत्थर के उपकरण जैसे कि कंकड़ तेज पत्थरों के ब्लेड इत्यादि का इस्तेमाल किया जाता था। 
  • गुफाओं की चित्रकारी

    • यूरोप और अफ्रीका में गुफाओं की दीवारों पर पाए गए चित्र हमें प्रारंभिक मानव इतिहास को समझने में मदद करते हैं। 

जीवाश्म के माध्यम से प्राप्त साक्ष्य 

जीवाश्म के माध्यम से यह साक्ष्य मिले हैं कि मानव का विकास क्रमिक रूप में हुआ। 

On the origin of species  पुस्तक जोकि चार्ल्ड डार्विन द्वारा लिखी गई।  

उन्होंने यह बताया मानव पहुंचने पहले जानवरों की क्रमिक रूप से विकसित होकर ही वर्तमान रूप में आया है।  इनका मानना था कि मानव पहले से ही वर्तमान का माना नहीं था यह धीरे-धीरे विकसित हुआ। 

  • प्राइमेट 
  • होमिनोइड 
  • होमिनिड 

प्राइमेट

  • प्राइमेट का उद्भव एशिया और अफ्रीका से हुआ इसके अंतर्गत मानव लंगूर और वानर शामिल हैं 
  • इनके शरीर पर बाल होते हैं
  • इनके अंदर बच्चा पैदा होने से पहले काफी लंबे समय तक पलता है और माताएं कि बच्चे को दूध पिलाती है
  • इनके दांतो का आकार अलग-अलग हैं 
  • प्राइमेट से विकसित होकर यह होमिनोइड की श्रेणी में आ गए

होमिनोइड

  • यह मुख्यता चार पैरों पर चलते थे और उनका मस्तिष्क होमिनीड से छोटा हुआ करता था
  • इन्हें भी जानवरो की श्रेणी में ही रखा जाता है परंतु यह बंदरों से अलग थे क्योंकि इनका शरीर बंदरों से बढ़ा हुआ करता था और इनकी पूँछ भी नहीं होती थी 

होमिनिड

  • इसका उद्भव  अफ्रीका के हुआ उनका मस्तिष्क का आकार बड़ा हुआ करता था। 
  • यह  दो पैरों पर चलते थे और इनके पास औजार बनाने की भी क्षमता थी, इनको आगे चलकर बहुत शाखाओं में बांट दिया गया जिसको जीनस  के नाम से जाना जाता है। 
  • इनकी दो सबसे महत्वपूर्ण शाखा ऑस्ट्रेलोपीथिकस और होमो है। 
  • जब मानव दो पैरों पर चलना सीख गया तब उसके हाथ मुक्त हो गए जिससे वह अपने हाथों का उपयोग बहुत सारे कार्यों में कर सकता था, जिससे ऊर्जा की खपत कम होने लगी और मानव और भी तेजी से दौड़ने लगा। 

होमो यह शब्द लातिनी भाषा का शब्द है, जिसका अर्थ आदमी है वैज्ञानिकों द्वारा इनको कई प्रजातियों में बांटा गया। 

  • होमो हैबिलिस
    • यह औजार बनाते थे
  • होमो इरेक्टस 
    • यह दो पैरों पर चलते थे 
  • होमो सेम्पियन्स 
    • यह समझदार हुआ करते थे क्योंकि यह किसी भी समस्या पर चिंतन करना शुरू कर देते थे 

जीवाश्म का नामकरण स्थानों के आधार पर किया गया था जहां पर उनके अवशेष पाए गए: –

आधुनिक मानव का  उद्भव कहां से हुआ

इस पर हमेशा से ही बहुत बड़ा विवाद बना रहा है इस पर दो प्रकार के  विचारधारा दिए गए हैं: –

  • क्षेत्रीय निरंतरता मॉडल

    • इनका हमेशा से ही यह मानना रहा है कि मानव की उत्पत्ति  किसी एक क्षेत्र से ना होकर अलग-अलग क्षेत्रों से हुई है। 
    • यह अलग-अलग क्षेत्रों में रहने वाले लोग अपना विकास धीरे धीरे कर होमोसेपियंस बन गए। 
  • प्रतिस्थापन मॉडल

    • इनके अनुसार मनुष्य का उद्भव सिर्फ एक ही स्थल से हुआ है वह  अफ्रीका है और यह बाद में अफ्रीका के अलग-अलग स्थानों में चलें। 

आदिकालीन मानव द्वारा भोजन कैसे प्राप्त किया जाता था?

  • संग्रहण
  • शिकार
  • मछली पकड़ना
  • अपमार्जन करना

औजारों का निर्माण

  • औजारों  के साक्ष्य मुख्यता  इथियोपिया और केन्या से प्राप्त हुए हैं जिससे यह प्रतीत होता है कि मुख्य औजारों का इस्तेमाल ऑस्ट्रेलोपीथिकस द्वारा किया गया था जैसे-जैसे मानव विकसित होता गया वैसे ही इन्होंने अपना जीवन निर्वाह का तरीका भी बदल दिया। 
  • आज से लगभग 35000  साल पहले इन्होंने से कर मारे जाने वाले भाले का प्रयोग करना शुरू कर दिया और फिर   तीर कमान भी बनाया। 
  • और फिर 21000 साल पहले  जैसे और जाली बनाना शुरू कर दिया। 

संप्रेषण और संचार का माध्य

  • जैसा कि हम जानते हैं प्रारंभ में मानव की कोई भी भाषा नहीं थी। 
  • होमोनीड  द्वारा इशारों का इस्तेमाल किया गया। 
  • यह तो  ध्वनि का प्रयोग तो करते थे परंतु बहुत ही कम लेकिन आगे चलकर यह ध्वनि एक भाषा करो बन गई। 
  • भाषा का विकास आज से लगभग 2000000 साल पहले हुआ था। 

शिकारी संग्राहक समाज वर्तमान से अतीत तक

  • पहली विचारधारा

    • इनके द्वारा आज के मनुष्य को इन्होंने अतीत के पुराने अवशेषों की व्याख्या करने के लिए उपयोग किया। 
    • इनका मानना था कि मनुष्य जो आज करता है वह अपने अतीत से ही लेकर आया है। 
  • दूसरी विचारधारा 

    • इनका मानना है कि आपके अधिकारी संग्राहक समाज के तथ्य और आंकड़ों का उपयोग अति के समाजों को समझने के लिए नहीं किया जा सकता है। 
    • क्योंकि यह दोनों चीजें बिल्कुल अलग अलग है 
    • उदाहरण के लिए
      • व्यापार खेती मजदूरी आदि है। 

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